Tuesday, August 14, 2018
पानी का धोका है और सोन मछरिया है
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अजन्ता देव के पांच माहिये 1. खुलने से खुले बस्ता तू कितनी महँगी है मै भी तो नहीं सस्ता. 2. ये जोग बिजोग के दिन काटेगा भला कैसे कमबख...
Monday, August 6, 2018
एक तस्वीर की कहानी
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इस फोटू के साथ दो या तीन कहानियां वाबस्ता हैं. मशहूर चित्रकार बी. मोहन नेगी ने करीब बाईस-तेईस साल पहले नैनीताल में इसे खींचा था जो एक ...
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कौन थे चन्द्रसिंह गढ़वाली
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1994 में भारत सरकार ने उनकी फोटू वाला एक डाक टिकट जारी किया और नामकरण किये जाने से छूट गईं एकाध सड़कों के नाम उनके नाम पर रख दिए. उत्त...
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Sunday, August 5, 2018
चलो दिलदार चलो, चाँद के पार चलो
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फ़िल्मी गानों की समीक्षा – 4 चलो दिलदार चलो , चाँद के पार चलो प्रस्तावना: ऐतिहासिक महत्त्व की यह कविता 1960 के दशक के भारतीय विज्...
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Saturday, August 4, 2018
सोचेंगे तुम्हें प्यार करें कि नहीं
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फ़िल्मी गानों की समीक्षा – 3 सोचेंगे तुम्हें प्यार करें कि नहीं काव्य समीक्षा: “ ख़्वाबों में छुपाया तुमको , यादों में बसाया तुम...
मालवीय नगर की बात क्या कहूं
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हमारे समय के बड़े कवि की ताज़ा कविताओं की सीरीज़ – 2 प्रेम वाटिका - असद ज़ैदी '' मुस्कुराते क्यों हो ?" तुमने कहा...
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Friday, August 3, 2018
दिल जलता है तो जलने दे
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फ़िल्मी गानों की समीक्षा – 2 दिल जलता है तो जलने दे प्रस्तावना: दिल अर्थात हृदय के अस्तित्व को लेकर विशेषज्ञ अभी एकमत नहीं हो ...
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पल भर के लिए कोई हमें प्यार कर ले
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फ़िल्मी गानों की समीक्षा – 1 पल भर के लिए कोई हमें प्यार कर ले काव्य समीक्षा: कविता की पहली पंक्ति में नायक जीवन की क्षणभंगुरता ...
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पर ढंग के तीन मृत्युलेख भी न छपे अख़बारों में
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हमारे समय के बड़े कवि की ताज़ा कविताओं की सीरीज़ – 3 नया रिपोर्टर -असद ज़ैदी एक दिन में दो हास्य कवियों का निधन! अब इस...
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